Rajasthan News: प्रतियोगी परीक्षार्थियों को अब 36 घंटे पहले कराना होगा ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन, केवल प्रवेश पत्र दिखाने से नहीं मिलेगी मुफ्त यात्रा
Rajasthan News: प्रतियोगी परीक्षार्थियों को अब 36 घंटे पहले कराना होगा ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन, केवल प्रवेश पत्र दिखाने से नहीं मिलेगी मुफ्त यात्रा
छोटा अखबार।
राजस्थान में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे लाखों युवाओं के लिए एक बेहद महत्वपूर्ण खबर है। राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम (RSRTC) ने परीक्षाओं के दौरान दी जाने वाली निशुल्क यात्रा सुविधा के नियमों में बड़ा बदलाव किया है। अब परीक्षार्थी केवल अपना प्रवेश पत्र (Admit Card) दिखाकर रोडवेज बसों में मुफ्त सफर नहीं कर सकेंगे। नई व्यवस्था के तहत परीक्षार्थियों को परीक्षा शुरू होने से कम से कम 36 घंटे पहले रोडवेज के विशेष परीक्षा पोर्टल पर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य कर दिया गया है। तय समय सीमा समाप्त होने के बाद यह पोर्टल स्वत: बंद हो जाएगा। रोडवेज मुख्यालय ने बुधवार को इस संबंध में एक आधिकारिक परिपत्र जारी कर दिया है।
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फर्जीवाड़े पर लगाम कसने के लिए उठाया कदम—
रोडवेज प्रशासन को यह सख्त कदम व्यवस्था को पारदर्शी बनाने और वित्तीय नुकसान को रोकने के लिए उठाना पड़ा है। गौरतलब है कि इसी साल फरवरी में झालावाड़ पुलिस ने निशुल्क यात्रा के नाम पर रोडवेज में एक बहुत बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश किया था। जांच में सामने आया था कि कई असामाजिक तत्व और फर्जी परीक्षार्थी जाली प्रवेश पत्रों के सहारे मुफ्त यात्रा का अनुचित लाभ उठा रहे थे। इस घटना के बाद रोडवेज प्रबंधन ने पूरी प्रणाली को सुरक्षित और जवाबदेह बनाने का निर्णय लिया।
पोर्टल पर प्रवेश पत्र अपलोड करना होगा अनिवार्य—
मुख्यालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार, निशुल्क यात्रा को अधिक पारदर्शी और ट्रैक करने योग्य बनाने के लिए नया रजिस्ट्रेशन पोर्टल शुरू किया गया है। अब किसी भी प्रतियोगी परीक्षा में भाग लेने वाले अभ्यर्थी को रोडवेज की वेबसाइट पर जाकर अपनी परीक्षा से संबंधित सभी विवरण दर्ज करने होंगे। इसके साथ ही, परीक्षार्थियों को अपना मूल प्रवेश पत्र भी पोर्टल पर डिजिटल रूप में अपलोड करना अनिवार्य होगा।
कंडक्टरों की ईटीआईएम मशीन से जुड़ेगा डाटा—
नई व्यवस्था में केवल ऑनलाइन प्रक्रिया ही नहीं बदली है, बल्कि बसों के भीतर टिकट चेकिंग को भी हाईटेक किया गया है। पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन होने के बाद परीक्षार्थी का डाटा सीधे रोडवेज कंडक्टरों की इलेक्ट्रॉनिक टिकट वेंडिंग मशीन (ETIM) से लिंक हो जाएगा। बस में चढ़ने के बाद जब परिचालक ईटीआईएम मशीन में परीक्षार्थी का विवरण दर्ज करेगा, तभी उसका निशुल्क टिकट जारी हो सकेगा। इससे बिना रजिस्ट्रेशन यात्रा करने वाले और फर्जी दस्तावेजों का सहारा लेने वाले लोगों को तुरंत पकड़ा जा सकेगा।
लाखों परीक्षार्थी होंगे प्रभावित—
राजस्थान में हर साल होने वाली विभिन्न बड़ी भर्ती परीक्षाओं (जैसे REET, CET, पुलिस कॉन्स्टेबल, पटवारी आदि) में राज्य के कोने-कोने से लाखों युवा शामिल होते हैं। सरकार की इस निशुल्क यात्रा योजना का लाभ उठाकर परीक्षार्थी अपने परीक्षा केंद्रों तक पहुंचते हैं जिससे बसों में भारी भीड़ उमड़ती है। अब इस नई व्यवस्था के लागू होने से परीक्षार्थियों को अपनी यात्रा की योजना पहले से बनानी होगी।
रोडवेज प्रशासन ने सभी परीक्षार्थियों से अपील की है कि वे परीक्षा तिथि घोषित होने और प्रवेश पत्र जारी होते ही तुरंत रोडवेज पोर्टल पर जाकर अपना पंजीकरण सुरक्षित कर लें, ताकि अंतिम समय में किसी भी तरह की परेशानी या यात्रा से वंचित होने की स्थिति से बचा जा सके।
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